dalit
-
उत्तरप्रदेश
हाथरस कांड के निहितार्थ : स्वार्थ और सियासत का कॉकटेल
उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले में पहले दलित परिवार की लाडली के साथ दरिंदों ने हैवानियत की पराकाष्ठा पार कर पूरे समाज को शर्मशार किया, बाकी बची कोर कसर जिले के नकारा अफसरों ने पूरी कर दी। इसमें लगातार…
Read More » -
शख्सियत
डॉ. आम्बेडकर की लोकतान्त्रिक दृष्टि
कँवल भारती डॉ. आम्बेडकर की विचारधारा के दो महत्त्वपूर्ण आयाम हैं—एक लोकतान्त्रिक, और दूसरा वर्गीय। पहले उनके लोकतान्त्रिक दृष्टिकोण को लेते हैं। जिस दौर में हिन्दू महासभा के नेता, आज़ादी के बाद के भारत के लिए, हिन्दू राज…
Read More » -
हत्या का कोई तर्क नहीं होता – दीपक भास्कर
दीपक भास्कर आज 30 जनवरी है। आज के दिन फिर से एक बार, “ब्राह्मणवाद” ने अपनी सबसे क्रूरतम लक्षण का प्रदर्शन किया था। “महात्मा गांधी” की हत्या, एक हिन्दू-ब्राह्मण नाथूराम गोडसे द्वारा की गई थी। और अब हत्यारे नाथूराम गोडसे…
Read More » -
साहित्य
आत्मकथाओं और संस्मरणों के बहाने
इन दिनों एक नियमित अंतराल पर हिन्दी में आत्मकथाओं और संस्मरणों के प्रकाशन का सिलसिला चल निकला है। हर गुजरते साल के साथ ऐसी एकाध दर्जन रचनायें सामने आ रही हैं। कहना ना होगा कि दलित आत्मकथाओं के लगातार…
Read More »

