himanshu joshi
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पुस्तक-समीक्षा
उस्ताद और शागिर्द की खूबसूरत कहानी है ‘लपूझन्ना’
लपूझन्ना एक उस्ताद के लिए उसके शागिर्द की तरफ़ से लिखी खूबसूरत कहानी है। लेखक अपने बचपन की याद अब तक नही भुला सके हैं और उन यादों में लेखक का ख़ास दोस्त भी है, ये वो ख़ास दोस्त…
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सिनेमा
सेक्स एजुकेशन पर गहरी बात कर गई ‘गहराइयां’
ओटीटी पर फ़िल्म रिलीज़ होने के बाद से फिल्मों के लिए केन्द्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड सर्टिफिकेट की अहमियत कुछ ज्यादा नही रह गई है क्योंकि घर में बच्चों द्वारा मोबाइल पर क्या देखा जा रहा है, इसमें माता-पिता का…
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मुद्दा
चुनावी मौसम के बीच वादों और मुद्दों को परखती एक रिपोर्ट
उत्तराखण्ड में कड़ाके की ठंड, बर्फबारी और बरसात के बीच चुनावी बिगुल भी फूंका जा चुका है। प्रदेश के राजनीतिक इतिहास को देखें तो यहाँ सत्ता में देश की दो बड़ी राजनीतिक पार्टियों का ही वर्चस्व रहा है। उत्तराखण्ड…
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सिनेमा
83 की कहानी फिर से जीने का मौका देती ये ’83’
सिनेमा का सबसे मुख्य कार्य हैं दर्शकों का मनोरंजन करना और कोई सामाजिक संदेश देना। यदि आप सिनेमा को सिर्फ इतिहास समझने या कोई महत्त्वपूर्ण सीख लेने के लिए देख रहे हैं तो आप गलत जगह हैं, आपका रास्ता…
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सिनेमा
लंबी दूरी वाले रिश्तों की कहानी बन बड़े काम कर गई ‘मीनाक्षी सुंदरेश्वर’
लीक से हटकर लिए गए डिजिटल इंडिया के long distance relationship विषय पर बनी इस हल्की-फुल्की कॉमेडी फ़िल्म में महफ़िल लूट ले गई हैं सान्या मल्होत्रा। बहुत कम फिल्में शुरुआत या अंत में आने वाली इंट्रो लाइनों के माध्यम…
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पुस्तक-समीक्षा
खाकी में इंसान : पुलिस ‘वाला’ / ठुल्ला से पुलिसकर्मी कहने का संदेश देती आत्मकथा
अगर आप ऐसी किसी ख़ालिस किताब के बारे में सोच रहे हैं जो आपको साहित्यिक पाठ पढ़ाए या आपकी राजनीतिक विचारधारा को बदले तो आप ग़लत जगह हैं। सड़क में आप कई बार खाकी की तरफ से खुद को…
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उत्तराखंड
राजनीतिक प्रयोगशाला के रूप में बदनाम हो रहा उत्तराखण्ड
नारायण दत्त तिवारी ने उत्तराखण्ड के विकास के लिए नौकरशाही को नियंत्रित करते बहुत से कार्य किये, जैसे बेरोज़गारी हटाने के लिए उन्होंने सिडकुल स्थापित किया। इस तरह के विकास कार्य कर कोई नेता उत्तराखण्डवासियों के बीच लोकप्रिय होता तो…
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सिनेमा
ओटीटी को ‘बड़ा पर्दा’ बनता देखने की कहानी है ‘शेरनी’
अमित मसूरकर यानि नयी पीढ़ी का सफलतम निर्देशक चालीस की उम्र में आप किसी को बूढ़ा नही कह सकते तो युवा भी नही, इंसान की समझदारी अपने पूर्व अनुभवों से उस समय शीर्ष पर होती है। वही समझदारी अमित मसूरकर…
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विशेष
कोरोना काल में महत्वपूर्ण है विश्व रक्तदाता दिवस की अहमियत समझना
कोरोना काल और विश्व रक्तदान दिवस कोरोना काल में हमने देखा कि सोशल मीडिया पर प्लाज़्मा दान के लिए लोग एक दूसरे से दानदाता उपलब्ध कराने के लिए मदद की गुहार लगा रहे थे और कुछ लोग निःस्वार्थ भाव…
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देश
टीकाकरण के लिए अनिवार्य ऑनलाइन पंजीकरण की तफ़्तीश करती एक ग्राउंड रिपोर्ट
विपक्ष के अघोषित मुखिया की ओर से एक ट्वीट आया है, जीवन जीने का अधिकार सभी का है,यह बात टीकाकरण के इंटरनेट पर अनिवार्य पंजीकरण को लेकर आई है। बात सही भी है और बहुत पहले सोची जानी थी। हमारे देश…
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