सबलोग
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Mar- 2019 -10 Marchदेश
सर्वोच्च न्यायालय का निर्णय
सरकारी वेतन पाने वालों के बच्चे अनिवार्य रूप से पढ़ें सरकारी विद्यालयों में सर्वोच्च न्यायालय ने पुनः इस महत्वपूर्ण मुद्दे को जिंदा कर दिया है कि सरकारी वेतन पाने वालों को अनिवार्य रूप से अपने बच्चों को सरकारी…
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9 Marchअंतरराष्ट्रीय
ऐसे ही रहेंगी और पढ़ेंगी बेटियाँ, तो कैसे बढेंगी बेटियाँ
डॉ. अनिल कुमार राय अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर अपने देश की महिलाओं की ओर एक बार घूम कर देख लेना वाजिब है. बात महिला दिवस की है, इसलिए यह देख लेना भी जरूरी है कि किस…
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9 Marchराजनीति
चुनाव तो आते-जाते रहेंगे लेकिन देश के दुश्मन इसका फायदा ना उठाएं – तमन्ना फरीदी
तमन्ना फ़रीदी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज उत्तर प्रदेश के दौरे पर हैं। अपने यूपी दौरे में प्रधानमंत्री मोदी वाराणसी, कानपुर और गाजियाबाद में कई परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया । प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देशवासियों को हमारी सेना…
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6 Marchराजनीति
बेतुकी बयानबाजी कांग्रेस को पड़ सकती है भारी
तमन्ना फरीदी पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह के बयान पर बवाल न हो, ऐसा कम ही होता है । दिग्विजय सिंह ने अपने एक ट्वीट में पुलवामा में सीआरपीएफ़ के एक काफ़िले पर हुए चरमपंथी हमले के लिए ‘दुर्घटना’ शब्द का…
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6 Marchशख्सियत
संकटग्रस्त दुनिया को गांधीजी की जरूरत
भरत डोगरा महानता की एक बड़ी कसौटी यह है कि विश्व की बुनियादी समस्याओं के समाधान में किसी व्यक्ति के जीवन व विचारों की कितनी उपयोगिता देर तक बनी रहती है। इस दृष्टि से देखें तो महात्मा गांधी…
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4 Marchआवरण कथा
स्त्रीवाद क्या और क्यों ?
सुधा सिंह आज जितनी प्रमुखता से स्त्री और स्त्रीवाद का मसला सामने आ रहा है उतनी प्रमुखता से मानव सभ्यता के इतिहास में कभी नहीं आया। आधुनिक काल को स्त्री का सबसे बड़ा पैरोकार समझा जाता है। …
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4 Marchसाहित्य
स्त्री-विमर्श और मीराकांत का ‘नेपथ्य राग’ – वसुंधरा शर्मा
वसुंधरा शर्मा पश्चिम के ज्ञानोदय ने वंचित, उपेक्षित, उत्पीड़ित तबकों में चेतना का संचार किया, फलतः समाज राजीनति साहित्य एवं कला क्षेत्रों मे कई अस्मिताओं का उदय हुआ दलित, आदिवासी, अल्पसंख्यक एवं अश्वेत वर्ग अपने-अपने अधिकारों और अस्मिता को…
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3 Marchचर्चा में
वर्तमान भारत-पाक तनाव और आतंक के विरुद्ध भारत के आक्रामक रवैये के परिप्रेक्ष्य में विचारणीय बिंदु
शिवदयाल तथाकथित शांतिकाल में पिछले तीस सालों में पाकिस्तान हमारे हजारों नागरिकों और सुरक्षाकर्मियों (अनुमानतः अस्सी हजार से एक लाख!) की जान ले चुका है। वह निरंतरता के साथ भारत को तिल-तिल कर मारने की नीति पर अमल करता…
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2 Marchराजनीति
शहीद हुए जवानों पर राजनीति ठीक नहीं
तमन्ना फरीदी भारत की सेना का मुख्य उद्देश्य देश की सुरक्षा और राष्ट्र की एक एकता को सुनिश्चित करना, देश को बाहरी और आंतरिक खतरों से सुरक्षा प्रदान करना और सीमा पर शांति और सुरक्षा को बनायें रखना हैं। देश…
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2 MarchUncategorized
साहित्य की एक नयी दुनिया – अमित कुमार
अमित कुमार ‘साहित्य की एक नई दुनिया संभव हैं’, के नारों के साथ दलित साहित्य महोत्सव का आगाज ऐतिहासिक रहा. प्रसिद्द लेखक साहित्यकार मोहन दास नैमिशराय, लक्ष्मण गायकवाड़, बल्ली सिंह चीमा, निर्मला पुतुल, हेमलता महिश्वरी, अब्दुल बिस्मिल्लाह, चौथीराम…
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