हिन्दी में नवयुग के प्रवर्तक भारतेंदु हरिश्चंद्र
-
शख्सियत
हिन्दी में नवयुग के प्रवर्तक भारतेंदु हरिश्चंद्र
हिन्दी-साहित्य में भारतेन्दु नवयुग के प्रवर्तक थे। जब देश की भीषण परिस्थितियों से अनभिज्ञ होकर आँखें मूँदे हुए कविगण किसी अज्ञात नायिका को अभिसार का उपदेश दे रहे थे, जब कविता राजदरबार की चेरी बनी हुई थी और राधा-कृष्ण…
Read More »